पुणे न्यूज डेस्क: मुंबई में अप्रैल के शेष दिनों में मौसम की दोहरी मार पड़ने वाली है। महानगर में तेज धूप के साथ-साथ अब उमस (ह्यूमिडिटी) लोगों की मुश्किलें बढ़ाएगी। क्षेत्रीय मौसम विभाग के अनुसार, अगले कुछ दिनों तक अधिकतम तापमान 34 से 35 डिग्री सेल्सियस के बीच रहेगा, लेकिन हवा में नमी का उच्च स्तर गर्मी के अहसास को और तीखा बना देगा। हालांकि अप्रैल के शुरुआती 10 दिन पश्चिमी विक्षोभ के कारण सुखद रहे थे, लेकिन अब राज्य के ऊपर सक्रिय 'एंटी साइक्लोन' ने मौसम का मिजाज बदल दिया है।
मौसम विशेषज्ञों के मुताबिक, आने वाले दिनों में दिन के समय उमस 50-60% और रात में 80% तक पहुँच सकती है। इसका अर्थ है कि मुंबईकरों को रात में भी चिपचिपी गर्मी से राहत मिलने के आसार कम हैं। 19 से 23 अप्रैल के बीच पश्चिमी हवाओं के सक्रिय होने से मध्य महाराष्ट्र में प्री-मॉनसून गतिविधियां शुरू हो सकती हैं, जिसका असर मुंबई में हल्की बूंदाबांदी या फुहारों के रूप में दिख सकता है। हालांकि, यह बारिश राहत के बजाय उमस को और बढ़ा सकती है।
मौसम वैज्ञानिक सुषमा नायर ने बताया कि 21-22 अप्रैल के दौरान 'लाइन ऑफ डिस्कॉन्टिन्यूटी' की स्थिति बन रही है, जहाँ उत्तर-पूर्व की सूखी हवाएं समुद्र की नमी वाली हवाओं से टकराएंगी। इस टकराव से वातावरण में अस्थिरता पैदा होगी, जिससे गरज-चमक के साथ हल्की बारिश की संभावना है।
बढ़ते तापमान और उमस को देखते हुए भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने मुंबई सहित राज्य के आठ जिलों के लिए 'येलो अलर्ट' जारी किया है। 16 अप्रैल को विशेष रूप से सतर्क रहने की सलाह दी गई है, क्योंकि कुछ इलाकों में गर्म और उमस भरी लहरें (Heat Wave condition) चलने का अनुमान है। नागरिकों को सलाह दी गई है कि वे धूप से बचें और शरीर में पानी की कमी न होने दें।