पुणे न्यूज डेस्क: पुणे के दक्षिण म्हालुंगे एमआईडीसी इलाके में 1 मई को एक बेहद दुखद और घिनौनी घटना सामने आई, जिसने पूरे क्षेत्र को झकझोर कर रख दिया है। एक तीन साल के मासूम बच्चे की अपहरण के बाद यौन उत्पीड़न कर हत्या कर दी गई। इस जघन्य अपराध को अंजाम देने वाला आरोपी उसी इलाके का रहने वाला एक नाबालिग है, जो मूल रूप से बिहार का निवासी बताया जा रहा है।
घटना का विवरण देते हुए रिपोर्ट में बताया गया कि बच्चा अपने घर के बाहर खेल रहा था, तभी आरोपी ने उसे चॉकलेट देने का लालच देकर अपने कमरे में बुला लिया। मासूम के साथ दरिंदगी करने के बाद आरोपी ने उसकी हत्या कर दी। चौंकाने वाली बात यह है कि जब बच्चे की मां उसे खोजते हुए आरोपी के कमरे तक पहुँची, तो उसने झूठ बोलकर उन्हें वापस भेज दिया और बाद में शव को एक सूटकेस में छिपाकर मौके से फरार हो गया।
घटना की जानकारी मिलने के बाद पुलिस ने तत्काल प्रभाव से सर्च ऑपरेशन शुरू किया। कड़ी मशक्कत के बाद बच्चे का शव सूटकेस से बरामद किया गया। पुलिस ने इस मामले में भारतीय न्याय संहिता की धारा 103(1), 238 और पॉक्सो एक्ट की धारा 4 और 6 के तहत प्राथमिकी दर्ज की है। पकड़े जाने के बाद आरोपी ने अपना जुर्म कबूल कर लिया है और उसे 15 दिनों की पुलिस रिमांड पर भेजा गया है।
पुलिस ने तकनीकी सबूतों और सीसीटीवी फुटेज की मदद से आरोपी की पहचान की और उसे पुणे रेलवे स्टेशन से धर दबोचा, जब वह बिहार भागने की फिराक में था। सीनियर पुलिस इंस्पेक्टर विजय धामले ने इस गिरफ्तारी की पुष्टि की है। इस पूरे मामले ने कानून-व्यवस्था और बच्चों की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं, और आरोपी के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है।