पुणे न्यूज डेस्क: महाराष्ट्र खाद्य एवं औषधि प्रशासन (एफडीए) ने खाद्य सुरक्षा नियमों के उल्लंघन पर पुणे और सतारा जिले के 12 होटल, रेस्टोरेंट, बेकरी और अन्य खाद्य प्रतिष्ठानों के लाइसेंस तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिए हैं। जांच के दौरान कई जगहों पर गंभीर गंदगी, एक्सपायरी खाद्य पदार्थों का भंडारण और खाद्य सुरक्षा मानकों का उल्लंघन पाया गया।
यह कार्रवाई एफडीए आयुक्त तुकाराम मुंढे द्वारा शुरू किए गए ‘सेफ फूड, सेफ ड्रग, सेफ महाराष्ट्र’ अभियान के तहत की गई। 18 और 21 जुलाई को विशेष निरीक्षण अभियान चलाकर विभिन्न प्रतिष्ठानों की जांच की गई। एफडीए के अनुसार, जिन प्रतिष्ठानों पर कार्रवाई हुई, वहां साफ-सफाई की स्थिति बेहद खराब थी और खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम के प्रावधानों का पालन नहीं किया जा रहा था।
कार्रवाई की जद में आने वाले प्रतिष्ठानों में बालेवाड़ी का जोकर हॉस्पिटैलिटी, कल्याणी नगर का रेड एंड ह्यूज, कामशेत का टोनी दा ढाबा, मार्केट यार्ड के होटल लोकप्रिय और जय सद्गुरु ईरानी टी एंड स्नैक्स सेंटर, आलेफाटा का फाउंटेन प्योर वेज, खेड़ का एम फूड्स, पिंपरी-चिंचवड़ की अक्सा बेकरी, बावधन की फोक्लो टेक्नोलॉजी प्राइवेट लिमिटेड, औंध की स्विन्स्टा एंटरप्राइज प्राइवेट लिमिटेड तथा सतारा जिले के वडूज स्थित शालीमार उडुपी वेज रेस्टोरेंट और सुरभि होटल एंड बार शामिल हैं।
एफडीए ने सभी होटल, रेस्टोरेंट और बेकरी संचालकों को निर्देश दिया है कि वे स्वच्छता के मानकों का कड़ाई से पालन करें। ग्राहकों को मुफ्त स्वच्छ पेयजल उपलब्ध कराया जाए, केवल फूड-ग्रेड पैकेजिंग सामग्री का इस्तेमाल हो, खाना बनाने के तेल का दोबारा उपयोग न किया जाए, वैध लाइसेंस के साथ ही कारोबार संचालित किया जाए और मेन्यू कार्ड में किसी भी तरह की भ्रामक जानकारी न दी जाए।
विभाग ने लोगों से भी अपील की है कि यदि किसी होटल या खाद्य प्रतिष्ठान में खाने की गुणवत्ता या साफ-सफाई को लेकर शिकायत हो तो वे एफडीए की टोल-फ्री हेल्पलाइन 1800-222-365 पर इसकी जानकारी दें।
इसी अभियान के तहत 16 से 21 जुलाई के बीच चिंचवड़, पंढरपुर और सतारा के वडूज में भी जांच अभियान चलाया गया। इस दौरान करीब 3.48 लाख रुपये मूल्य के प्रतिबंधित खाद्य पदार्थ जब्त किए गए। मामले में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) के तहत संबंधित थानों में केस दर्ज किए गए हैं और पांच लोगों को गिरफ्तार किया गया है। एफडीए के संयुक्त आयुक्त (खाद्य) डी. वी. भोगावड़े ने कहा कि आगे भी ऐसे निरीक्षण अभियान जारी रहेंगे और नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।