पुणे न्यूज डेस्क: यह वित्त वर्ष 2027 नौकरीपेशा लोगों के लिए अच्छी खबर लेकर आ सकता है। टीमलीज़ की ताजा रिपोर्ट के अनुसार, देशभर में कर्मचारियों की सैलरी में औसतन 8.6% से 10.2% तक की बढ़ोतरी देखने को मिल सकती है। खास बात यह है कि इस बार सैलरी ग्रोथ का केंद्र केवल बेंगलुरु, मुंबई और दिल्ली-एनसीआर जैसे पारंपरिक आईटी हब नहीं रहेंगे, बल्कि कई उभरते शहर भी तेजी से आगे बढ़ रहे हैं।
रिपोर्ट के मुताबिक, सैलरी बढ़ोतरी के मामले में चेन्नई सबसे आगे रहने की संभावना है, जहां वेतन में करीब 9.7% की वृद्धि का अनुमान है। इसके बाद पुणे और हैदराबाद 9.6% की संभावित बढ़ोतरी के साथ दूसरे स्थान पर हैं। वहीं अहमदाबाद और विशाखापत्तनम में 9.5% तथा नागपुर में 9.4% तक वेतन वृद्धि की उम्मीद जताई गई है। यह बदलाव दर्शाता है कि देश में आर्थिक विकास अब अलग-अलग क्षेत्रों में फैल रहा है।
विशेषज्ञों का मानना है कि ऑटोमोबाइल, इलेक्ट्रॉनिक्स, इलेक्ट्रिक वाहन (EV), मैन्युफैक्चरिंग, हेल्थकेयर और इंफ्रास्ट्रक्चर सेक्टर में बढ़ते निवेश ने इन शहरों को नई पहचान दी है। बड़े औद्योगिक प्रोजेक्ट्स और नई कंपनियों के आगमन से रोजगार के अवसर बढ़ रहे हैं, जिसके कारण कुशल कर्मचारियों की मांग भी तेजी से बढ़ी है। यही वजह है कि इन शहरों में वेतन वृद्धि की रफ्तार अधिक रहने का अनुमान लगाया जा रहा है।
रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि भविष्य की तकनीकी जरूरतों से जुड़े कौशल रखने वाले कर्मचारियों को सबसे अधिक लाभ मिल सकता है। इलेक्ट्रिकल इंजीनियरों की सैलरी में 11.2% तक बढ़ोतरी की संभावना है, जबकि क्वालिटी कंट्रोल इंस्पेक्टर, प्रोजेक्ट इंजीनियर और आईटी सपोर्ट एग्जीक्यूटिव जैसे पदों पर भी दोहरे अंक के करीब वेतन वृद्धि देखने को मिल सकती है। इससे साफ है कि आने वाले वर्षों में तकनीकी और औद्योगिक क्षेत्रों में विशेषज्ञता रखने वाले पेशेवरों की मांग लगातार बढ़ेगी।