पुणे न्यूज डेस्क: पुणे के चर्चित केतन अग्रवाल हत्याकांड की जांच लगातार नए मोड़ ले रही है। शुक्रवार को पुलिस ने मुख्य आरोपी सिया गोयल के भाई साहिल गोयल से करीब 10 घंटे तक पूछताछ की। पूछताछ के दौरान साहिल ने साफ कहा कि अगर सिया ने पहले ही परिवार को बता दिया होता कि वह केतन से शादी नहीं करना चाहती, तो परिवार तुरंत यह रिश्ता खत्म कर देता। पुलिस ने इस दौरान सिया और सह-आरोपी चेतन चौधरी के रिश्ते को लेकर भी कई सवाल पूछे और विभिन्न जानकारियों का मिलान किया।
पुलिस के अनुसार, 18 जून को पुणे के लोहागढ़ किले पर 25 वर्षीय रियल एस्टेट कारोबारी केतन अग्रवाल की कथित तौर पर हत्या कर दी गई थी। आरोप है कि मंगेतर सिया गोयल और उसके प्रेमी चेतन चौधरी ने मिलकर केतन को खाई में धक्का देकर मौत के घाट उतार दिया। जांच एजेंसियों का मानना है कि सिया शादी नहीं करना चाहती थी, इसलिए दोनों ने मिलकर इस वारदात की साजिश रची। अब तक सात लोगों से पूछताछ हो चुकी है और पुलिस ने घटनास्थल पर डमी के जरिए पूरी वारदात का रीक्रिएशन भी किया है।
इस बीच केतन के पिता विशाल अग्रवाल ने उन दावों को खारिज कर दिया, जिनमें कहा जा रहा था कि केतन के हेयर विग पहनने की वजह से सिया नाराज थी। उन्होंने कहा कि मेडिकल कारणों से बाल झड़ने की जानकारी पहले ही सिया और उसके परिवार को दे दी गई थी। उन्होंने कहा कि यदि सिया को किसी भी बात पर आपत्ति थी, तो वह शादी से इनकार कर सकती थी, हत्या जैसा कदम उठाने की कोई जरूरत नहीं थी।
यह मामला अब राज्य स्तर पर भी गंभीरता से लिया जा रहा है। महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने केतन के परिवार से मुलाकात कर उन्हें न्याय का भरोसा दिलाया है। राज्य सरकार ने इस मामले की सुनवाई फास्ट ट्रैक कोर्ट में कराने की मांग स्वीकार कर ली है और वरिष्ठ अधिवक्ता उज्ज्वल निकम को विशेष लोक अभियोजक नियुक्त किया गया है। मुख्यमंत्री ने इस घटना को बेहद चौंकाने वाला बताते हुए कहा कि यह केवल अपराध नहीं, बल्कि समाज के लिए भी गंभीर चिंता का विषय है।