पुणे न्यूज डेस्क: पुणे के भोर तहसील में एक बेहद दुखद और झकझोर देने वाली घटना सामने आई है, जहाँ गर्मी की छुट्टियां मनाने अपनी नानी के घर आई एक 4 साल की मासूम बच्ची के साथ रेप और हत्या का मामला सामने आया है। पुलिस रिपोर्ट के अनुसार, 65 वर्षीय आरोपी भीमराव कांबले ने शुक्रवार दोपहर बच्ची को बहला-फुसलाकर अपने घर के पास स्थित एक तबेले में ले जाकर इस जघन्य अपराध को अंजाम दिया। जब बच्ची देर तक घर नहीं लौटी, तो परिजनों ने उसकी खोजबीन शुरू की, जिसके बाद उसका शव बरामद हुआ। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज के आधार पर आरोपी को तुरंत हिरासत में ले लिया है।
इस घटना के बाद राज्य में व्यापक आक्रोश फैल गया है, और राजनीतिक गलियारों से भी कड़ी प्रतिक्रियाएं सामने आई हैं। पूर्व गृह मंत्री और एनसीपी (एसपी) नेता अनिल देशमुख ने इस मामले की सुनवाई फास्ट ट्रैक कोर्ट में कराने और आरोपी को फांसी देने की मांग की है। राज्य के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने इस मांग पर संज्ञान लेते हुए आश्वासन दिया है कि सरकार न केवल मामले की सुनवाई फास्ट ट्रैक कोर्ट में कराएगी, बल्कि अपराधी को कठोरतम सजा यानी फांसी दिलाने के लिए पुरजोर पैरवी भी करेगी।
विभिन्न नेताओं ने इस अपराध को मानवता के लिए कलंक बताया है। एनसीपी (एसपी) सांसद सुप्रिया सुले ने इस घटना को शर्मनाक करार देते हुए अपराधी को सबसे सख्त सजा देने की वकालत की है। वहीं, शिवसेना की प्रवक्ता शाइना एनसी ने इसे समाज के लिए एक बड़ा प्रश्न और मासूम बच्ची के प्रति क्रूरतम अत्याचार बताते हुए अपनी गहरी संवेदना और रोष व्यक्त किया है।
घटना के विरोध में शुक्रवार रात को आक्रोशित ग्रामीणों ने मुंबई-बेंगलुरु हाईवे पर चक्काजाम कर दिया और न्याय की मांग की। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए पुणे ग्रामीण पुलिस अधीक्षक संदीप सिंह गिल ने मौके पर पहुंचकर प्रदर्शनकारियों को शांत कराया। पुलिस की ओर से यह आश्वासन दिया गया है कि जांच में तेजी लाते हुए मात्र 15 दिनों के भीतर इस मामले में चार्जशीट दाखिल कर दी जाएगी ताकि पीड़िता को जल्द से जल्द न्याय मिल सके।