पुणे न्यूज डेस्क: होली के त्योहार से पहले हवाई यात्रियों के लिए राहत की खबर सामने आई है। आमतौर पर त्योहारों के आसपास एयरलाइंस किराए में दो से तीन गुना तक बढ़ोतरी कर देती हैं, लेकिन इस बार ऐसा नहीं हुआ। इस साल एयरलाइंस ने किराए में केवल सीमित इजाफा किया है, जो सामान्य दिनों की तुलना में अधिकतम 15 से 20 प्रतिशत तक ही है।
मुंबई, पुणे, बेंगलुरु और हैदराबाद जैसे प्रमुख शहरों से जयपुर आने वाले यात्रियों को लगभग सामान्य किराए पर ही टिकट मिल रहे हैं। दिल्ली से जयपुर के लिए रोजाना बड़ी संख्या में फ्लाइट उपलब्ध होने के कारण यहां से आने-जाने का किराया सबसे कम बना हुआ है। वहीं जयपुर से बाहर जाने वाले यात्रियों को भी आम दिनों जैसा ही किराया चुकाना पड़ रहा है। हालांकि अहमदाबाद और कोलकाता से जयपुर की उड़ानें कुछ महंगी जरूर हैं।
किराया नियंत्रित रहने के पीछे सबसे अहम वजह डीजीसीए की सख्ती मानी जा रही है। दिसंबर 2025 में इंडिगो में क्रू संकट के दौरान अन्य एयरलाइंस द्वारा अत्यधिक किराया वसूले जाने के बाद डीजीसीए ने किराए की सीमा तय की थी। इसके अलावा जयपुर के लिए अधिकांश बड़े शहरों से पर्याप्त फ्लाइट उपलब्ध होने के कारण एयरलाइंस किराया बढ़ाने में असमर्थ हैं।
1 मार्च को जयपुर आने वाले यात्रियों के लिए किराया भी संतुलित नजर आ रहा है। पुणे से जयपुर के लिए दो फ्लाइट उपलब्ध हैं, जिनका किराया करीब 6859 से 6890 रुपये है। मुंबई से रोजाना 14 फ्लाइट संचालित हो रही हैं, जहां इंडिगो का किराया 5204 से 6346 रुपये, स्पाइसजेट का 5224 रुपये, एयर इंडिया का 5349 से 9945 रुपये और एयर इंडिया एक्सप्रेस का करीब 5253 रुपये है। बेंगलुरु से छह फ्लाइट उपलब्ध हैं, जिनमें इंडिगो का किराया 8162 से 9580 रुपये और एयर इंडिया एक्सप्रेस का 7155 से 10147 रुपये तक है।